Spread the love

राष्ट्रीय सेवा योजना के सप्त दिवसीय शिविर के चौथे दिन DVNPG में मतदाता जागरुकता रैली निकाली गई

महाविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना के चारो इकाईयों मीराबाई, सुभाष, गोरखनाथ एवं महाराणा प्रताप का सप्तदिवसीय शिविर के चौथे दिन प्रार्थना सभा, योगासन के साथ प्रारम्भ हुआ ।

प्रशिक्षक के रूप में स्वयंसेविका आराध्या पटेल के द्वारा योगदान कराया गया। इसके पश्चात महाविद्यालय से मतदाता जागरूकता हेतु प्रभात फेरी निकली गयी इस प्रभातफेरी को महाविद्यालय के मुख्य नियंता डॉ. आर.पी.यादव ने हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया ।

रैली का नेतृत्व सुभाष एवं महाराणा प्रताप इकाई के कार्यक्रम अधिकारी श्री सुरेन्द्र चौहान, डॉ. संजय कुमार त्रिपाठी एवं मीराबाई तथा गोरखनाथ इकाई का नेतृत्व वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी डॉ. रुक्मिणी चौधरी एवं डॉ. चण्डी प्रसाद पाण्डेय द्वारा किया गया ।

स्वयंसेवक एवं स्वयंसेविका के द्वारा पहले मतदान फिर जलपान, भईया हो भाभी हो, चाचा हो चाची हो पहले मतदान फिर कोई काम, अंकल आंटी मान जाओ वोट डालने जरूर जाओ, न नशे से न नोट से किस्मत बदलेंगी वोट से,

इन स्लोगनों के साथ प्रभातफेरी जी.डी.ए काम्प्लेक्स से होते हुए मुख्य डाकघर के रास्ते गणेश चौराहा से चेतना तिराहा होते हुए हरिओम तिराहा से महाविद्यालय में वापस आकर सभा के रूप में तब्दील हो गयी।

इस दौरान चारों इकाईयों के 200 से अधिक स्वयंसेवक / स्वयंसेविकाओं ने प्रतिभाग किया । रंगोली एवं श्लोगन प्रतियोगिता आयोजित हुई।

जिसमें प्रथम स्थान-मनोरमा शुक्ला एम.काम.प्रथम, गरिमा मिश्रा, बी.ए. तृतीय, द्वितीय स्थान-प्रीती शर्मा एम.ए प्रथम, अवन्तिका, तृतीय स्थान-नम्रता बी.ए. द्वितीय, ज्योति साहनी बी.ए.द्वितीय प्राप्त किया ।


बौद्धिक सत्र में डॉ. रश्मि कौशल, पी.एच.डी इलेक्ट्रॉनिक्स एण्ड कम्युनिकेशन, असिस्टेंट प्रोफेसर, यूथ फार ग्लोबल पीस एण्ड ट्रांसफारमिशन दिल्ली संस्था से समाज एवं युवाओं के उत्साहवर्द्धन हेतु आयी हुई थी।

उन्होंने राष्ट्रीय योजना के स्वयंसेवक/स्वंयसेविकाओं से सवांद स्थापित करते हुए कहा कि आप सभी सपने अवश्य देखते होंगे। सपनो को साकार करने के लिए टाईम मैनेजमेन्ट एवं माईन्ड मैनेजमेन्ट बहुत ही आवश्यक है, टाईम मैनेजमेन्ट आपके अभिभावक द्वारा किया जा सकता है लेकिन माईन्ड मैनेजमेन्ट आपको स्वयं करना होगा आपका दिमाग जितना स्थिर होगा, संतुलित होगा उतना ही अधिक टाईम मैनेजमेन्ट करने में सक्षम होंगे।

इस कार्य को करने के लिए यदि आप कुछ समय निकाल कर मेडिटेशन एवं ईश्वर को ध्यान करते हैं तो जिससे एकाग्रता बनेगी और आप अपने लक्ष्य को प्राप्त करने में सफल होंगे। संकल्प का कोई विकल्प नही होता है आपका संकल्प दृढ़ होना चाहिए जिससे कि आगे आपका मार्ग प्रशस्त हो सके।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए डॉ. राजशरण शाही, एसोसिएट प्रोफेसर, बी.एड.विभाग ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना नकारात्मकता पर विजय पाने का एक माध्यम है। स्वतः को जानो, स्वतः को पहचानो स्वतः को साधने वाला ही कुछ भी कर सकता है । बेहतर स्वयंसेवक वह होता है जो अच्छाई में विश्वास करता है।


कार्यक्रम का संचालन कार्यक्रम अधिकारी डॉ. संजय कुमार त्रिपाठी ने तथा धन्यवाद ज्ञापन वरिष्ठ कार्यक्रम अधिकारी डॉ.रुक्मिणी चौधरी ने किया। इस अवसर पर कार्यक्रम अधिकारी श्री सुरेन्द्र चौहान, डॉ. चण्डी प्रसाद पाण्डेय आदि उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *